जगदीशपुर: पशुओं का निवाला बना पुष्टाहार ,जिम्मेदार बेखबर
January 15, 2026
जगदीशपुर/अमेठी। सरकार द्वारा चलाई जा रही बाल विकास परियोजना भ्रष्टाचार की भेंट चढकर कमाई का स्रोत बनता जा रहा है गर्भवती महिलाओ व किशोरियों को मिलने वाला पुष्टाहार पशुओ का निवाला बन गया विभागीय अधिकारी आंख मूंदे हुए है। विकास खण्ड के अन्तर्गत स्थित दर्जनों आंगनबाडी केंद्रों पर तैनात आंगनबाडी कार्यकत्री सुपरवाइजर को मिलाकर दिन दूनी रात चैगुनी कमाई करने में मस्त हैं ।नन्हे मुन्ने बच्चों किशोरियों व गर्भवती महिलाओ को मिलने वाला पुष्टाहार दरिया पंजीरी पशु पालकों को बेचकर जेब गरम करने मे मस्त है ग्रामीणों ने बताया कि आंगनबाडी कार्यकत्री कुछ गिने चुने बच्चो को प्रसाद की तरह पुष्टाहार बांटकर कागजी खानापूर्ति कर देती हैं कागज में किशोरियों व नन्हे मुन्ने बच्चों की संख्या अधिक दर्शायी जाती है ।मौके पर गिने चुने बच्चे ही मौजूद रहते हैं नाम ना छापने की शर्त पर आँगनबाडी कार्यकत्री ने बताया कि इसके एवज में पुष्टाहार उठान के समय सीडीपीओ कार्यालय में तैनात जिम्मेदारों की जेब गरम करनी पडती है ऊपर से क्षेत्रीय सुपरवाइजर को भी मैनेज करना पडता है ।इस संबंध उपजिलाधिकारी मुसाफिर खाना ने बताया कि जांच करके दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जायेगी।
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