अमेठीः सीडीओ ने लगायी चौपाल, कहा-लाभार्थीपरक योजनाओं से कोई भी पात्र व्यक्ति वंचित न रहे
November 27, 2025
अमेठी। मुख्य विकास अधिकारी सचिन कुमार सिंह द्वारा पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार विकासखंड गौरीगंज के ग्राम पंचायत सराय बरवबंड सिंह में ग्राम चैपाल का आयोजन संपन्न हुआ। ग्राम चैपाल के दौरान पंचायत सचिव द्वारा ग्राम पंचायत की सामान्य जानकारी से अवगत कराया गया कि ग्राम पंचायत में कुल 02 राजस्व ग्राम सराय बरवबंड सिंह और धनी जलालपुर सम्मिलित हैं। ग्राम पंचायत में कुल 295 परिवार निवासरत हैं, जिनमें क्रमशः 174 तथा 121 परिवार दोनों राजस्व ग्रामों में रहते हैं। कुल जनसंख्या 1669 है, जिसमें क्रमशः 984 तथा 685 की जनसंख्या दोनों ग्रामों में निवास करती है। ग्राम पंचायत में अनुसूचित जाति की कुल जनसंख्या 381 है। ग्राम पंचायत में पंचायत भवन, आंगनबाड़ी केंद्र, प्राथमिक तथा कंपोजिट विद्यालय संचालित हैं तथा निकटतम सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दरपीपुर लगभग 2.5 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। ग्राम चैपाल के दौरान परियोजना निदेशक एवं प्रभारी खंड विकास अधिकारी गौरीगंज ऐश्वर्य यादव, सहायक विकास अधिकारी पंचायत पंकज मोहन मिश्र, कोटेदार तथा अन्य संबंधित अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे। पंचायत सचिव, ग्राम प्रधान तथा खंड विकास अधिकारी द्वारा अवगत कराया गया कि लेखपाल, ग्राम रोजगार सेवक, एएनएम, आशा बहू, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता तथा सहायिका चैपाल के दौरान एसएआर कार्य में लगे हैं। ग्राम चैपाल में शासन की प्रत्येक जनकल्याणकारी एवं लाभार्थीपरक योजनाओं के बारे में विस्तृत जानकारी उपस्थित ग्रामवासियों को प्रदान की गई। पेंशन योजनाओं (वृद्धावस्था, निराश्रित महिला तथा दिव्यांगजन) के संदर्भ में ग्राम पंचायत में 124 वृद्धावस्था पेंशन, 43 निराश्रित महिला पेंशन तथा 05 दिव्यांगजन पेंशन लाभार्थी आच्छादित हैं तथा लाभार्थियों ने पुष्टि की कि उन्हें समय से पेंशन उपलब्ध हो रही है। ग्राम चैपाल के समापन पर मुख्य विकास अधिकारी द्वारा निर्देशित किया गया कि ग्राम पंचायत में शासन की सभी लाभार्थीपरक योजनाओं से कोई भी पात्र व्यक्ति वंचित न रहे। ग्राम में स्वच्छता व्यवस्था नियमित रूप से बनाए रखी जाए, स्वयं सहायता समूहों के आजीविका संसाधनों को बढ़ावा दिया जाए तथा सभी विभागीय अधिकारी योजनाओं की प्रगति एवं समस्याओं की सतत निगरानी सुनिश्चित करें। साथ ही ग्राम वासियों को शासन द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं से अधिकतम लाभ प्राप्त हो, इसके लिए समन्वित रूप से कार्य किए जाने के निर्देश दिए गए।
