प्रतापगढ/प्रयागराज/कुंडा। प्रयागराज में भ्रष्टाचार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत भ्रष्टाचार निवारण संगठन की टीम ने रोडवेज विभाग के एक अधिकारी को आठ हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ दबोच लिया। शिकायतकर्ता से ड्यूटी संचालन और सेवा पुस्तिका में प्रविष्टि सही कराने के नाम पर घूस मांगने वाले अधिकारी की गिरफ्तारी से विभाग में हड़कंप मच गया है।
सरकारी व्यवस्था को रिश्वतखोरी की दीमक से खोखला करने वालों पर भ्रष्टाचार निवारण संगठन ने एक और बड़ा प्रहार किया है। एंटी करप्शन प्रयागराज मंडल की टीम ने उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (रोडवेज) के सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक (एआरएम) अरविंद कुमार मिश्र को आठ हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।
धूमनगंज थाना क्षेत्र के पीपलगांव उर्फ शाहपुर निवासी संगम सोनकर ने भ्रष्टाचार निवारण संगठन से शिकायत की थी कि रोडवेज के सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक अरविंद कुमार मिश्र उनसे मिर्जापुर-शक्तिनगर मार्ग पर परिचालक की ड्यूटी सुचारु रूप से संचालित कराने तथा उनके साथी परिचालक की सर्विस बुक में वार्षिक गोपनीय प्रविष्टि सही कराने के एवज में 8,000 रुपये की रिश्वत मांग रहे हैं।
शिकायत को गंभीरता से लेते हुए भ्रष्टाचार निवारण संगठन की टीम ने जाल बिछाया। सोमवार को निरीक्षक रविंद्र सिंह के नेतृत्व में 13 सदस्यीय टीम ने जीरो रोड डिपो स्थित कार्यालय में छापेमारी कर आरोपी अधिकारी को शिकायतकर्ता से 8,000 रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़ लिया। गिरफ्तारी के बाद टीम ने आरोपी को हिरासत में लेकर विधिक कार्रवाई शुरू कर दी।
गिरफ्तार आरोपी अरविंद कुमार मिश्र मूल रूप से वाराणसी जनपद के फूलपुर थाना क्षेत्र के परसरा गांव का निवासी है और वर्तमान में प्रयागराज में सरकारी आवास में रह रहा था। उसके खिलाफ थाना कैंट में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज करा दिया गया है।
भ्रष्टाचार निवारण संगठन ने आमजन से अपील की है कि यदि कोई सरकारी अधिकारी या कर्मचारी किसी कार्य के बदले रिश्वत की मांग करता है तो उसकी सूचना तत्काल संगठन को दें, ताकि भ्रष्टाचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
