शुभेंदु अधिकारी के PA चंद्रनाथ की हत्या के मामले में बड़ा एक्शन, बिहार के बक्सर और यूपी से पकड़े गए 3 आरोपी
May 11, 2026
पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के पर्सनल असिस्टेंट (PA) चंद्रनाथ रथ की हाल ही में बेरहमी से गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। अब इस मामले में बड़ा अपडेट सामने आया है। सूत्रों के मुताबिक, पश्चिम बंगाल पुलिस ने शुभेंदु अधिकारी के PA चन्द्रनाथ रथ के हत्याकांड के आरोप में बिहार के बक्सर और यूपी से कुल तीन लोगों को हिरासत में लिया है। तीनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। चंद्रनाथ की हत्या में इन तीनो का रोल क्या है, इस बात को वेरिफाई किया जा रहा है।
एसआईटी के सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, चन्द्रनाथ रथ हत्याकांड मामले में तीन आरोपियों को पुलिस द्वारा बिहार के बक्सर और यूपी से गिरफ्तार किया गया है। इन आरोपियों को देर रात पुलिस बंगाल लेकर पहुंची है। एक आरोपी ने टोल प्लाजा पर ऑनलाइन पेमेंट किया था उसके बाद पुलिस को इनके बारे में इनपुट मिला। पुलिस इस बारे में जल्द ही प्रेस रिलीज जारी करेगी। फिलहाल आरोपियों से पूरे खुलासे और मोटिव पर पूछताछ की जा रही है।
दरअसल, पश्चिम बंगाल में चुनाव संपन्न होने और चुनाव के परिणाम के सामने आने के बाद से राजनीतिक हिंसा फिर से बढ़ गई है। 6 मई की रात को शुभेंदु अधिकारी के पीए चंद्रनाथ रथ का मर्डर हो गया था। जानकारी के अनुसार, ये मर्डर रात को 10.30 से 11 बजे उस वक्त हुआ जब शुभेंदु के पीए नॉर्थ 24 परगना में अपने घर की तरफ जा रहे थे। तभी पीछे से आ रही कार ने उन्हें ओवर टेक किया और उनकी गाड़ी पर अंधाधुंध फायरिंग कर दी।
बंगाल पुलिस ने जिन तीन लोगों को शुभेंदु अधिकारी के पीए चंद्रनाथ रथ की हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया है उनके नाम हैं मयंक शर्मा, विक्की सिंह मौर्या और राज। बिहार के बक्सर में छापेमारी करके बंगाल एसआईटी की टीम स्पेशल टास्क फोर्स ने मयंक और विक्की मौर्य को गिरफ्तार किया। इसके बाद यूपी के बलिया में भी छापेमारी करके राज सिंह नाम के शूटर को गिरफ्तार किया गया है। बंगाल एसआईटी के सूत्रों के मुताबिक, इन्हीं तीनों ने इस हत्याकांड को अंजाम दिया है।
जानकारी के अनुसार, मयंक शर्मा ने हत्याकांड के बाद टोल प्लाजा पर ऑनलाइन यूपीआई पेमेंट की थी जिसके बाद ये रडार पर आया। इन्हीं तीनों ने प्लानिंग करके चंद्रनाथ रथ की रेकी करवाकर हत्याकांड को अंजाम दिया। किसने गोली चलाई, किसने रेकी की, किसने फरारी के दौरान छिपाने में मदद की इन्हीं सवालों को लेकर फिलहाल बंगाल पुलिस की एसआईटी जांच कर रही है। क्या ये पॉलिटिकल मोटिवेटेड हत्याकांड है या कोई रंजिश? सभी पहलुओं पर पूछताछ की जा रही है। पूछताछ के बाद एसआईटी आधिकारिक रिलीज जिसमें सबके रोल एस्टैबलिश होंगे, जारी कर सकती है।

