दिल्ली में ट्रैफिक नियम तोड़ना पड़ेगा भारी! चालान चुनौती से पहले देना होगा 50% जुर्माना
May 04, 2026
दिल्ली में ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों के लिए अब मुश्किलें बढ़ने वाली हैं. सरकार ने चालान सिस्टम को और सख्त और डिजिटल बनाने का फैसला लिया है. अब अगर कोई व्यक्ति अपने चालान को अदालत में चुनौती देना चाहता है, तो उसे पहले जुर्माने की 50% राशि जमा करनी होगी. यह जानकारी मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के कार्यालय की ओर से जारी बयान में दी गई है.
नई व्यवस्था के तहत अब सीधे कोर्ट जाने का रास्ता आसान नहीं रहेगा. अगर आपको लगता है कि चालान गलत है और आप इसे चुनौती देना चाहते हैं, तो पहले आधी रकम जमा करनी होगी. इसके बाद ही आप अदालत का दरवाजा खटखटा सकते हैं. सरकार का कहना है कि इससे फालतू की चुनौतियों पर रोक लगेगी और सिस्टम ज्यादा व्यवस्थित होगा.
सरकार ने चालान के भुगतान के लिए तय समयसीमा भी तय कर दी है. अगर आप समय पर चालान नहीं भरते हैं, तो रोजाना इलेक्ट्रॉनिक नोटिस भेजे जाएंगे. अब चालान को नजरअंदाज करना आसान नहीं होगा. देरी करने पर परेशानी और बढ़ेगी.
अगर कोई लगातार चालान का भुगतान नहीं करता है, तो उसके वाहन से जुड़ी कई सेवाओं पर रोक लग सकती है. इसमें टैक्स भरना, लाइसेंस से जुड़े काम या गाड़ी का रजिस्ट्रेशन जैसे जरूरी काम शामिल हैं. इतना ही नहीं, ऐसे वाहनों को पोर्टल पर लेन-देन के लिए अयोग्य भी घोषित किया जा सकता है. जरूरत पड़ने पर कोर्ट के आदेश से वाहन जब्त भी हो सकता है.
सरकार ने आदतन नियम तोड़ने वालों के लिए भी सख्त नियम बनाए हैं. अगर कोई व्यक्ति एक साल में पांच या उससे ज्यादा बार ट्रैफिक नियम तोड़ता है, तो उसे गंभीर उल्लंघनकर्ता माना जाएगा. ऐसे में उसका ड्राइविंग लाइसेंस निलंबित या रद्द भी किया जा सकता है.
नई व्यवस्था के अनुसार, चालान जारी होने के 45 दिनों के अंदर वाहन चालक को फैसला लेना होगा. या तो वह जुर्माना भर दे या फिर ऑनलाइन पोर्टल के जरिए शिकायत दर्ज कर दे. अगर इस दौरान कोई कार्रवाई नहीं होती, तो चालान को अपने आप स्वीकार मान लिया जाएगा.
अब चालान जारी करने से लेकर भुगतान तक की पूरी प्रक्रिया डिजिटल होगी. ट्रैफिक पुलिस कैमरों और निगरानी सिस्टम की मदद से ई-चालान जारी करेगी. अगर मोबाइल नंबर अपडेट है, तो तीन दिनों के भीतर चालान की जानकारी मिल जाएगी. वहीं, फिजिकल नोटिस 15 दिनों के अंदर भेजा जाएगा.
मुख्यमंत्री ने कहा है कि यह सिस्टम पूरी तरह डिजिटल, पारदर्शी और जवाबदेह होगा. इसका मुख्य उद्देश्य लोगों को ट्रैफिक नियमों का पालन करने के लिए प्रेरित करना और सड़क हादसों को कम करना है.
सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे अपने ड्राइविंग लाइसेंस और गाड़ी के कागजों में मोबाइल नंबर और बाकी जानकारी अपडेट रखें. ताकि चालान की सूचना समय पर मिल सके और किसी तरह की परेशानी से बचा जा सके.
