सोनभद्र/ घोरावल। शाहगंज क्षेत्र में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) के तहत चल रही योजनाओं में भ्रष्टाचार और अनियमितता के गंभीर आरोप सामने आए हैं। समूह सखियों ने ब्लॉक मिशन प्रबंधक और उनकी। ब्लॉक घोरावल के शाहगंज क्षेत्र में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) के तहत चल रही योजनाओं में भ्रष्टाचार और अनियमितता के गंभीर आरोप सामने आए हैं। समूह सखियों ने ब्लॉक मिशन प्रबंधक और उनकी सहयोगी पर अवैध धन उगाही, मानदेय रोकने और ब्लैंक चेक पर हस्ताक्षर कराने जैसे आरोप लगाते हुए हंगामा किया और मामले की जांच की मांग की। स्वयं सहायता समूह के कार्यालय पर पहुंचीं कई समूह सखियों ने आरोप लगाया कि उनसे डीसी एनआरएलएम के नाम पर रिश्वत मांगी जाती है। विरोध करने पर मानदेय रोकने और नौकरी से हटाने की धमकी दी जाती है। महिलाओं ने बताया कि उनसे जबरन ब्लैंक चेक पर हस्ताक्षर भी कराए जाते हैं, जबकि उन्हें यह तक नहीं बताया जाता कि पैसा किस काम के लिए निकाला जा रहा है। समूह की अध्यक्ष ममता व सचिव बिंदु विश्वकर्मा ने बताया कि "ब्लॉक स्तर पर कार्यरत एक महिला द्वारा कई बार उनसे ब्लैंक चेक पर साइन कराए गए, जबकि यह नहीं बताया गया कि चेक किस उद्देश्य से भरे जाएंगे। उन्होंने कहा कि समूह के खाते से निकाले गए पैसों की जानकारी भी उन्हें नहीं दी जाती साथ ही उन्होंने बताया कि समूह सखियों को जो नोटिस जारी की गई है उस पर भी उनके फर्जी हस्ताक्षर बनाए गए हैं। अधिकारियों से पूछने पर उन्हें यही बताया जाता है कि शासन स्तर से पैसा नहीं आया है। ड्राई राशन का 1.44 लाख रुपए आए थे जिसे बीके पूजा द्वारा डीसी के नाम पर 50 हजार रुपये तक की मांग की गई और दबाव बनाकर पैसे लिए गए।"समूह सखी संतरा देवी ने बताया कि "वह वर्ष 2021 से समूह से जुड़ी हैं।वही इस सम्बंध में सोमवार को डीसी एनआरएलएम सरिता सिंह द्वारा बताया गया कि सीडीओ मेम के तरफ से एक लेटर बनाया गया है जिसमे डीडीओ व बीडीओ द्वारा जांच किया जाएग जांच में क्या आता है उसके बाद आगे की कार्यवाही की जाएगी।
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