गौरीगंजः पुलिस ने किया हत्या का 24 घण्टे में खुलासा! फोन पर शक बना कत्ल की वजह, आलाकत्ल बरामद
April 16, 2026
गौरीगंज/अमेठी। इश्क में शक का खौफनाक अंजाम ऐसा देखने को मिला, जहां आज एक युवती ने दुनिया को अलबिदा कह दिया लेकिन कहते है न कानून के हांथ लंबे होते है सही भी है क्योकि हत्या के कुछ ही घंटो मे हत्यारा सलाखो के पीछे पहंुच गया। जनपद अमेठी में अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे ऑपरेशन चक्रव्यूह के तहत गौरीगंज पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर युवती अमिता देवी की हत्या की गुत्थी को सुलझाते हुए दो अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए अभियुक्तों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त चाकू (आलाकत्ल) और मृतका का मोबाइल फोन भी बरामद कर लिया गया है। ग्राम चतुरीपुर मजरे मऊ निवासी ओमप्रकाश द्विवेदी ने 15 अप्रैल को पुलिस को तहरीर दी थी कि उनकी 24 वर्षीय बहन अमिता देवी की गांव के ही एक युवक ने हत्या कर दी है। पुलिस अधीक्षक श्री सरवणन टी. के निर्देशानुसार तत्काल मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई। क्षेत्राधिकारी गौरीगंज अखिलेश वर्मा और प्रभारी निरीक्षक अरुण कुमार मिश्र की टीम ने साक्ष्य संकलन के आधार पर आरोपी सनोज और उसके साथी दुर्गेश्वरी गुप्ता को दबोच लिया। पुलिस पूछताछ में मुख्य अभियुक्त सनोज (20 वर्ष) ने अपना जुर्म कबूल करते हुए बताया कि वह और अमिता एक ही स्कूल में पढ़ते थे और प्रेम संबंध में थे। सनोज काम के सिलसिले में फरीदाबाद रहता था, लेकिन वहां से भी वह अमिता के संपर्क में था। पिछले कुछ समय से अमिता का फोन व्यस्त आने के कारण सनोज को उस पर शक होने लगा था। अमिता द्वारा स्पष्ट जवाब न मिलने पर सनोज ने उसकी हत्या की खौफनाक योजना बनाई। योजना के मुताबिक, सनोज 11 अप्रैल को फरीदाबाद से वापस आया और अपने मित्र दुर्गेश्वरी गुप्ता (19 वर्ष) को साजिश में शामिल किया। 14 अप्रैल की रात सनोज ने अमिता को फोन कर गांव के बाहर नहर के पास बांस कोठी पर बुलाया। वहां बहस के दौरान जब अमिता ने शोर मचाया, तो सनोज ने उसका मुंह दबा दिया और दुर्गेश्वरी ने उसके पैर पकड़ लिए। इसके बाद सनोज ने चाकू से अमिता का गला रेतकर उसे मौत के घाट उतार दिया।
