कुंडा/प्रतापगढ।थाना मानिकपुर क्षेत्र में जहरीला पदार्थ खिलाए जाने से एक युवक की मृत्यु के बाद परिजनों और ग्रामीणों द्वारा शव को लखनऊ-प्रयागराज राष्ट्रीय राजमार्ग पर रखकर आवागमन बाधित किया गया। पुलिस ने स्थिति को संभालने का शांतिपूर्ण प्रयास किया, लेकिन भीड़ ने उग्र होकर ईंट-पत्थर, लाठी-डंडों और लोहे की सरिया से पुलिस बल पर हमला कर दिया। सरकारी वाहन को भी क्षतिग्रस्त किया गया और इस हमले में कुछ पुलिसकर्मी घायल हो गए। पुलिस ने इस मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए 23 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। अभियुक्तों के पास से 23 लकड़ी के डंडे, 2 लोहे की सरिया और 1 सीयूजी मोबाइल बरामद किया गया है।इस घटना का प्रारंभ दिनांक 30 जनवरी 2026 को हुआ जब साहूमई (बिछलहला) निवासी एक महिला ने अपने 22 वर्षीय पुत्र को धोखे से जहरीला पदार्थ खिलाए जाने और उपचार के दौरान उसकी मृत्यु हो जाने की तहरीर दी। इस पर थाना मानिकपुर में मु0अ0सं0 24ध्2026 धारा 103(1) बीएनएस के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया। मृतक के शव का पंचनामा और पोस्टमार्टम के बाद शव को गांव लाया गया। लेकिन 1 फरवरी 2026 को परिजनों और ग्रामीणों ने शव को राष्ट्रीय राजमार्ग पर रखकर जाम लगा दिया।
भीड़ द्वारा पुलिस बल पर जानलेवा हमला करने और सरकारी कार्य में बाधा उत्पन्न करने के मामले में थाना मानिकपुर पर मु0अ0सं0 25ध्2026 धारा 191(2)ध्191(3)190ध्115(2)ध्352ध् 351 (3)121ध्125ध्132ध्109(1)ध्324(3) ध्61(2)ध्3(5)ध्309(6) बीएनएस एवं 7 सीएलए एक्टऋ के तहत 25 नामजद और 25-30 अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ अभियोग पंजीकृत किया गया।
पुलिस अधीक्षक प्रतापगढ़ के निर्देशन में पुलिस अधीक्षक पश्चिमी और क्षेत्राधिकारी कुण्डा के पर्वेक्षण में प्रभारी निरीक्षक मानिकपुर के नेतृत्व में पुलिस टीम ने कार्रवाई की। अभियुक्तों को थाना क्षेत्र के बिटियन मेला ग्राउंड के पास घटना की पुनरावृत्ति की तैयारी करते हुए मौके पर गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार अभियुक्तों ने पूछताछ में स्वीकार किया कि उन्होंने पुलिस पर जानलेवा हमला किया था और सरकारी मोबाइल छीन लिया था। उन्होंने यह भी बताया कि वे पुलिस थाने पर हमला करने और उसे जलाने की योजना बना रहे थे।
गिरफ्तार अभियुक्तों में पवन कुमार, महेश कुमार, संतोष, लक्ष्मीकांत, मोनू, पवन कुमार, सचिन, रामप्यारे, विवेक उर्फ धीरेन्द्र, मनोज, दिलीप कुमार, करमचन्द्र सरोज, जितेन्द्र शुक्ला उर्फ कप्तान, समीर यादव उर्फ अमन, रंजना, सुनीता देवी, काजल, सोमवती, अनीता, गुड्डी, पुष्पा देवी, शिवानी श्रीवास्तव और पूनम शामिल हैं। पुलिस ने इनके पास से 23 लकड़ी के डंडे, 2 लोहे की सरिया और 1 सीयूजी मोबाइल बरामद किया है।इस कार्रवाई में प्रभारी निरीक्षक नरेन्द्र सिंह, उपनिरीक्षक नदीम खान, उपनिरीक्षक अरुण कुमार सिंह, उपनिरीक्षक अमर सिंह, कांस्टेबल संदीप पटेल, ध्यानचन्द्र, शिवशंकर यादव, राजेश पाल, काशी राजभर, अनुज कुमार, महिला कांस्टेबल प्रीती कुमारी, महिला कांस्टेबल किरन बिंद और चालक हेड कांस्टेबल अमित कुमार सिंह शामिल रहे।पुलिस ने स्पष्ट किया है कि कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए हर संभव प्रयास किया जाएगा और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। जनता से अपील की गई है कि वह कानून का पालन करे और किसी प्रकार की हिंसा में शामिल न हो। पुलिस की त्वरित कार्रवाई ने स्थिति को संभालने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
