सोनभद्र। पर्यटन स्थलों की खूबियां बताने और उनकी रुचि वाले जगहों तक पहुंचाने के लिए स्थानीय युवाओं को टूरिस्ट गाइड के रूप में तैयार किया जा रहा है। आरसेटी लोढ़ी में पहले चरण में चयनित 35 अभ्यर्थियों का प्रशिक्षण शुरू हो चुका है। लोढ़ी स्थित आरसेटी के माध्यम से अभ्यर्थियों को प्रशिक्षण में टूरिस्ट गाइड के कार्य, दायित्व सहित अन्य जानकारियां विस्तार से दी जा रही हैं।मंगलवार को प्रशिक्षण में राजेश कुमार भारतीय ने बताया कि पर्यटन सिर्फ घूमने-फिरने का जरिया नहीं है। यह संस्कृति और परंपराओं के आदान-प्रदान का भी जरिया है। बाहर से आने वालों को स्थानीय संस्कृति व परंपराओं से जोड़ने का माध्यम गाइड बनता है। आने वाले टूरिस्टों को भ्रमण का पूरा आनंद मिले और कोई मलाल न रहे। पर्यटकों को भ्रमण कराने के साथ ही उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना और सकारात्मक माहौल बनाना भी गाइड की जिम्मेदारी है। गाइड को स्थानीय संस्कृति, इतिहास और पर्यटन स्थलों की गहरी समझ होनी चाहिए। मिलनसार, उत्साही और समय का पाबंद बनें। जिम्मेदार तथा टिकाऊ पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए अपने दायित्वों को बखूबी निभाएं। भ्रमण के दौरान स्वच्छता का ध्यान रखें और स्थानीय रीति-रिवाजों का सम्मान करें। जिला पर्यटन अधिकारी/सदस्य सचिव "राजेश कुमार भारती" ने कहा कि सरकार जिले के पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए संकल्पित है। और इसके अध्यक्ष जिलाधिकारी बीएन सिंह है।
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