अमेठीः पुष्टाहार की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का न हो समझौता - डीएम
January 08, 2026
अमेठी। जिलाधिकारी संजय चैहान की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में जनपद में संचालित पुष्टाहार उत्पादन इकाइयों के संचालन एवं प्रगति को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में कुपोषण उन्मूलन की दिशा में किए जा रहे प्रयासों, उत्पादन व्यवस्था, गुणवत्ता नियंत्रण एवं वितरण प्रणाली पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में अवगत कराया गया कि जनपद अमेठी में कुल चार पुष्टाहार उत्पादन इकाइयां संचालित हैं, जिन्हें तीन-तीन विकास खंडों से संबद्ध किया गया है। प्रत्येक इकाई से लगभग 300 स्वयं सहायता समूह जुड़े हुए हैं। इकाइयों की स्थापना हेतु प्रत्येक समूह द्वारा 30 हजार रुपये का अंशदान दिया गया, जिससे प्रति इकाई लगभग 90 लाख रुपये की धनराशि एकत्र कर नोडल संस्था के माध्यम से सामग्री क्रय की गई। जिलाधिकारी को बताया गया कि प्रत्येक इकाई में 20 चयनित सदस्यों द्वारा दो शिफ्टों में उत्पादन कार्य कराया जा रहा है। बैठक में यह भी जानकारी दी गई कि पुष्टाहार का उत्पादन राष्ट्रीय पोषण अभियान के मानकों के अनुरूप किया जा रहा है तथा एनएबीएल मान्यता प्राप्त प्रयोगशाला से गुणवत्ता जांच के बाद ही वितरण सुनिश्चित किया जाता है। विकास खंड स्तर पर निगरानी समितियों का गठन कर उत्पादन की गुणवत्ता एवं दक्षता पर सतत नजर रखी जा रही है। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि पुष्टाहार की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता न किया जाए तथा समयबद्ध रूप से लाभार्थियों तक वितरण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि पुष्टाहार उत्पादन इकाइयां न केवल कुपोषण उन्मूलन में सहायक हैं, बल्कि स्थानीय महिलाओं को रोजगार उपलब्ध कराकर आत्मनिर्भरता की दिशा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
