बाराबंकी: आत्महत्या दुष्प्रेरण केस में आरोपी को 7 वर्ष की सजा, 25 हजार जुर्माना
December 04, 2025
बाराबंकी । थाना देवा क्षेत्र के आत्महत्या दुष्प्रेरण के एक मामले में जिला जज ने अभियुक्त लवकुश पुत्र स्व. वेद प्रकाश को 7 वर्ष के कठोर कारावास और 25,000 रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। वहीं सहआरोपी रंजीत, अमरेश, सतीश, श्यामकली उर्फ गीता और रामभरोसे को दोषमुक्त कर दिया गया।मॉनिटरिंग सेल द्वारा मुकदमों की प्रभावी पैरोकारिता की जा रही है तथा गवाहों की समय पर पेशी कर न्यायालय में मजबूत साक्ष्य प्रस्तुत किए गये।इसी प्रयास का परिणाम रहा कि वर्ष 2020 में दर्ज यह संवेदनशील मामला न्याय की दिशा में निर्णायक साबित हुआ।12 जून 2020 को वादी राममिलन निवासी भगौतीपुर ने थाना देवा में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसकी पुत्री आरती को दहेज की मांग को लेकर विपक्षीगण द्वारा प्रताड़ित किया जाता था, जिससे तंग आकर उसने आत्महत्या कर ली। पुलिस की वैज्ञानिक विवेचना के बाद अभियुक्त लवकुश के विरुद्ध आरोपपत्र कोर्ट में प्रस्तुत किया गया।मामले में डीजीसी अमित कुमार अवस्थी, एडीजीसी अशिष शरण गुप्ता, मॉनिटरिंग सेल प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार यादव, उ.नि. अमर बहादुर सिंह, महिला आरक्षी प्रतिमा द्विवेदी व अंशू द्विवेदी सहित कई कार्मिकों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। थाना देवा के पैरोकार हेड कांस्टेबल महेंद्र वर्मा तथा कोर्ट मोहर्रिर हेड कांस्टेबल कुँवर रवि प्रकाश ने भी पूरे मुकदमे में समन्वय बनाकर कार्यवाही को सफल बनाया।इस निर्णय से जनमानस में न्याय के प्रति विश्वास मजबूत हुआ है और पुलिस की प्रभावी पैरवी की व्यापक सराहना की जा रही है।
.jpg)