संग्रामपुर/अमेठी। कम बारिश और सूखे जैसे हालात के कारण अमेठी जिले के संग्रामपुर क्षेत्र के रोटी गई धान की फसल पीली पड़ने लगी है।खेतों में गहरी दरारें पड़ चुकी है धान की फसल की उपज के लिए क्षेत्र के किसान सिंचाई के लिए सघंर्ष कर रहे हैं। पीड़ित किसानों ने बताया कि समय पर बारिश न होने और मानसून के लम्बे अंतराल के कारण खेतों की नमी पूरी तरह खत्म हो गई है। बहुत कम क्षेत्र में सरकारी नलकूप की व्यवस्था है इसलिए समरसेबुल से सिंचाई करना पड़ता है जो बहुत मंहगी सिंचाई पड़ रही है।बीच -बीच में बिजली कटौती के कारण अधिक समय लग रहा है। क्षेत्र में राजबहा नहर 41 खंड शारदा सहायक का माइनर है जिसमें पानी नहीं आ रहा है। संग्रामपुर क्षेत्र में मालती नदी गयी है उसमें भी आवाश्यकता अनुसार पानी नहीं है इस क्षेत्र में एक दर्जन चेक डैम भी बनाया गया है लेकिन सफाई न होने से मिट्टी भराव के कारण पानी नहीं रुकता इंटौरी का चेकडैम पहले से ही टूटा पड़ा है यही कारण है कि संग्रामपुर क्षेत्र के किसान धान रोपाई के बाद सिंचाई के लिए एक संघर्ष कर रहे है।
संग्रामपुर: बारिश न होने से धान की फसल पड़ी पीली
August 01, 2026
संग्रामपुर/अमेठी। कम बारिश और सूखे जैसे हालात के कारण अमेठी जिले के संग्रामपुर क्षेत्र के रोटी गई धान की फसल पीली पड़ने लगी है।खेतों में गहरी दरारें पड़ चुकी है धान की फसल की उपज के लिए क्षेत्र के किसान सिंचाई के लिए सघंर्ष कर रहे हैं। पीड़ित किसानों ने बताया कि समय पर बारिश न होने और मानसून के लम्बे अंतराल के कारण खेतों की नमी पूरी तरह खत्म हो गई है। बहुत कम क्षेत्र में सरकारी नलकूप की व्यवस्था है इसलिए समरसेबुल से सिंचाई करना पड़ता है जो बहुत मंहगी सिंचाई पड़ रही है।बीच -बीच में बिजली कटौती के कारण अधिक समय लग रहा है। क्षेत्र में राजबहा नहर 41 खंड शारदा सहायक का माइनर है जिसमें पानी नहीं आ रहा है। संग्रामपुर क्षेत्र में मालती नदी गयी है उसमें भी आवाश्यकता अनुसार पानी नहीं है इस क्षेत्र में एक दर्जन चेक डैम भी बनाया गया है लेकिन सफाई न होने से मिट्टी भराव के कारण पानी नहीं रुकता इंटौरी का चेकडैम पहले से ही टूटा पड़ा है यही कारण है कि संग्रामपुर क्षेत्र के किसान धान रोपाई के बाद सिंचाई के लिए एक संघर्ष कर रहे है।

