लखनऊ। बिजली का खंभा लगाते समय करंट लगने से एक 25 वर्षीय युवक की मौत के बाद परिजनों ने गुरुवार को हरदोई रोड जाम कर जमकर हंगामा किया। परिजनों ने ठेकेदार और बिजली विभाग के कर्मचारियों पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है, उनका कहना है कि काम के दौरान बिजली आपूर्ति बंद नहीं की गई थी।।
मृतक की पहचान काकोरी के अशरफ खेड़ा निवासी सुरेंद्र यादव के रूप में हुई है। मंगलवार रात काकराबाद गांव में बिजली के खंभे लगाने का काम करते समय सुरेंद्र को करंट लग गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
सुरेंद्र के भाई शीलू यादव ने बताया कि सुरेंद्र ठेकेदार मोनू मौर्या उर्फ राज नारायण मौर्या के साथ बिजली का काम करता था। शीलू ने आरोप लगाया कि हादसे के बाद न तो सुरेंद्र को तुरंत अस्पताल ले जाया गया और न ही परिजनों को तत्काल सूचना दी गई। उन्हें मंगलवार रात करीब 8 बजे घटना की जानकारी मिली।
परिजनों का दावा है कि काम के दौरान बिजली लाइन चालू थी और ठेकेदार व बिजलीकर्मियों ने सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया। हादसे के बाद मौके पर मौजूद हाइड्रा हाईवा ऑपरेटर भी फरार हो गया। परिजनों का कहना है कि ठेकेदार मोनू मौर्या और केदार दोनों ने लापरवाही बरती और खुद को बचाने की कोशिश की।
सुरेंद्र के परिवार की स्थिति बेहद दयनीय है। उसकी शादी को अभी एक साल ही हुआ था और उसकी पत्नी सात माह की गर्भवती है। सुरेंद्र के पिता की पहले ही मौत हो चुकी है और पूरे परिवार की जिम्मेदारी उसी पर थी।
हादसे के बाद बुधवार शाम और गुरुवार दोपहर को परिजनों ने ठेकेदार की तत्काल गिरफ्तारी और लापरवाह बिजली कर्मचारियों पर विभागीय कार्रवाई की मांग करते हुए हरदोई रोड जाम कर दिया। पुलिस को जाम हटाने के लिए हल्का बल प्रयोग भी करना पड़ा।।
परिजनों ने प्रशासन से घटना की निष्पक्ष जांच, दोषियों पर सख्त कार्रवाई और 30 लाख रुपये के मुआवजे की मांग की है। एसडीएम मलिहाबाद के लिखित आश्वासन के बाद ही परिजनों ने सड़क से जाम हटाया।