दवा-इलाज के लिए 10 हजार नगद समेत खाद्य व किचन सामग्री दी, पहले भी डॉ. आशीष तिवारी ने की थी 51 हजार की सहायता
लंभुआ/सुलतानपुर। सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल रामगढ़ निषाद बस्ती निवासी प्रेम कुमार निषाद के अस्पताल से घर लौटने के बाद सेवार्थम फाउंडेशन की टीम ने दोबारा उनके घर पहुंचकर हालचाल जाना और आर्थिक सहयोग के साथ जरूरी घरेलू सामग्री उपलब्ध कराई। फाउंडेशन की ओर से प्रेम के दवा एवं इलाज के लिए 10 हजार रुपये नगद दिए गए। साथ ही दैनिक उपयोग में आने वाली खाद्य सामग्री और किचन में प्रयोग होने वाला आवश्यक सामान भी परिवार को प्रदान किया गया।
कुछ दिन पूर्व प्रेम कुमार निषाद सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उन्हें जौनपुर के शेखर क्रांति हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था, जहां उनकी हालत काफी गंभीर बताई गई थी। परिजनों के अनुसार उपचार के दौरान उन्हें वेंटिलेटर पर भी रखा गया। प्रेम परिवार के इकलौते कमाने वाले सदस्य बताए गए हैं और ठेला लगाकर परिवार का भरण-पोषण करते थे। हादसे के बाद इलाज का खर्च परिवार के लिए बड़ी चुनौती बन गया था।
प्रेम की गंभीर स्थिति की जानकारी मिलने पर सेवार्थम फाउंडेशन के संस्थापक अध्यक्ष डॉ. आशीष तिवारी ने तत्काल मदद की पहल की थी। फाउंडेशन की टीम ने रामगढ़ पहुंचकर परिजनों से मुलाकात की और बाद में अस्पताल पहुंचकर प्रेम के स्वास्थ्य की जानकारी ली थी। उस दौरान डॉ. आशीष तिवारी ने इलाज के लिए ₹51 हजार की आर्थिक सहायता दी थी। इसके साथ ही परिवार के लिए राशन और खाद्य सामग्री की भी व्यवस्था कराई गई थी। उपचार में सहयोग के लिए उन्होंने समाज के सक्षम लोगों से भी मदद की अपील की थी।अब अस्पताल से घर लौटने के बाद फाउंडेशन की टीम फिर प्रेम के घर पहुंची। टीम ने उनके स्वास्थ्य का हाल जाना और परिवार की वर्तमान जरूरतों की जानकारी ली। इसके बाद ₹10 हजार की अतिरिक्त आर्थिक सहायता, खाद्य सामग्री और किचन का जरूरी सामान परिवार को सौंपा गया।
फाउंडेशन की टीम ने कहा कि प्रेम के पूर्ण स्वस्थ होने तक परिवार के साथ मानवीय सहयोग की भावना से खड़ा रहना संस्था की प्राथमिकता है। सेवार्थम फाउंडेशन ने कहा कि जरूरतमंद परिवारों के सुख-दुख में साथ खड़ा होना ही उसकी सेवा भावना है।“सेवा ही संकल्प” के संदेश के साथ फाउंडेशन ने सक्षम लोगों से भी जरूरतमंद परिवारों की सामर्थ्य के अनुसार मदद करने की अपील की।
